क्षतिग्रस्त पाइपलाइन और आयरनयुक्त पानी का मुद्दा उठाया, मुख्यमंत्री ने दिया समाधान का भरोसा
कोशी तक/सिंहेश्वर मधेपुरा:- नगर पंचायत सिंहेश्वर के वार्डों की मूलभूत समस्याओं को लेकर पार्षदों द्वारा सहयोग पोर्टल पर दर्ज कराई गई शिकायतें अब राज्य स्तर तक पहुंच गई हैं। शिकायतों के निष्पादन के बाद नगर पंचायत के वार्ड 8 और वार्ड 9 से जुड़े जनप्रतिनिधियों को मुख्यमंत्री सचिवालय में आयोजित राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम में शामिल होने का अवसर मिला। कार्यक्रम में उन्होंने अपने-अपने वार्डों की समस्याओं और विकास कार्यों को प्रमुखता से उठाते हुए शीघ्र समाधान की मांग की।
वार्ड संख्या 8 की पार्षद कैली देवी के पुत्र एवं पार्षद प्रतिनिधि देवेश कुमार ने बिजली से संबंधित समस्या को लेकर विभाग में आवेदन दिया था। उन्होंने बताया कि सहयोग पोर्टल के माध्यम से वार्ड में बिजली के खंभों का विस्तार कराने की मांग की गई थी, ताकि बिजली सुविधा से वंचित घरों तक भी विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित हो सके। शिकायत का विभागीय स्तर पर निष्पादन होने के बाद उन्हें राज्य स्तरीय कार्यक्रम में शामिल होने के लिए बुलाया गया।
वहीं वार्ड संख्या 9 की पार्षद नीलू देवी ने पेयजल की गंभीर समस्या को राज्य स्तर पर उठाया। उन्होंने बताया कि उनके वार्ड में पीएचईडी की पाइपलाइन को कभी सड़क निर्माण तो कभी गैस पाइपलाइन बिछाने के दौरान क्षतिग्रस्त कर दिया जाता है। बार-बार शिकायत के बावजूद पाइपलाइन की स्थायी मरम्मत नहीं होने के कारण लोगों को पेयजल के लिए परेशानी झेलनी पड़ रही है।
आयरनयुक्त पानी पीने को मजबूर हैं लोग
पार्षद ने हर घर नल का जल योजना से जुड़ी समस्या भी कार्यक्रम में रखी। उन्होंने बताया कि वार्ड के लोगों को पर्याप्त और स्वच्छ पेयजल नहीं मिल पा रहा है। कई जगहों पर लोग आयरनयुक्त पानी पीने को मजबूर हैं। इससे लोगों के स्वास्थ्य पर भी प्रतिकूल असर पड़ने की आशंका बनी रहती है।
कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने मामले को गंभीरता से लेते हुए डीएम से बात करने की बात कही। पार्षद नीलू देवी के अनुसार, उन्हें बताया गया कि 12 अगस्त को होने वाली नगर पंचायत की सामान्य बोर्ड की बैठक में योजना को पारित कराकर पाइपलाइन बिछाने की दिशा में कार्रवाई की जाएगी। मुख्यमंत्री की ओर से यह भी भरोसा दिया गया कि योजना के लिए राशि की कमी नहीं होने दी जाएगी।
राज्य स्तर पर पहुंची सिंहेश्वर की समस्या
मुख्यमंत्री सचिवालय में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में अपनी बात रखने का अवसर मिलने से दोनों जनप्रतिनिधि उत्साहित नजर आए। उन्होंने कहा कि सहयोग पोर्टल के माध्यम से स्थानीय स्तर की समस्याओं को सीधे उच्च स्तर तक पहुंचाने और उनके समाधान की प्रक्रिया को गति देने का अवसर मिला है।
गौरतलब है कि बिहार सरकार ने आम लोगों की समस्याओं के त्वरित और प्रभावी समाधान के उद्देश्य से 'राज्य स्तरीय सहयोग कार्यक्रम' शुरू किया है। इसके तहत जिला स्तर पर लंबित मामलों को राज्य स्तर पर सुना जा रहा है, जिससे लोगों और जनप्रतिनिधियों को अपनी समस्याएं सीधे राज्य स्तर पर रखने तथा उनके समाधान की दिशा में कार्रवाई कराने का अवसर मिल रहा है।
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